मैं अन्याय, अत्याचार, आडंबर तथा अनर्थ से घृणा करता हूं और मेरी घृणा उन सब लोगों के प्रति है, जो इन्हें अपनाते हैं। वे दोषी हैं। मैं अपने आलोचकों को यह बताना
चाहता हूं कि मैं अपने इन भावों को अपना वास्तविक बल व शक्ति मानता हूं।
- डॉ. भीमराव अम्बेडकर
मैं अन्याय, अत्याचार, आडंबर तथा अनर्थ से घृणा करता हूं और मेरी घृणा उन सब लोगों के प्रति है, जो इन्हें अपनाते हैं। वे दोषी हैं। मैं अपने आलोचकों को यह बताना
चाहता हूं कि मैं अपने इन भावों को अपना वास्तविक बल व शक्ति मानता हूं।
- डॉ. भीमराव अम्बेडकर