ग्रंथ-सूची
प्रस्तुत ग्रंथ में लेखक द्वारा जिन पुस्तकों, प्रतिवेदनों और पत्रिकाओं से संदर्भ उद्धृत किए गए हैं उनकी सूची यहां दी गई है।
पुस्तक 2ः ब्रिटिश भारत में प्रांतीय वित्त व्यवस्था का विकास पुस्तकें, प्रतिवेदन और पत्रिकाएं
- आस्टिनः ज्यूरिसप्रूडेंस, खंड 1 (चतुर्थ
संस्करण)
- ब्राइस, जेम्सः दि अमेरिकन कामनवैल्थ,
1910
- बुकानन, डॉ. फ्रांसिसः जर्नी फ्राम मद्रास,
खंड 2
- बर्क, सर एडमंडः रिफलैक्शन्स आन दि
रिवोल्यूशन इन फ्रांस।
कैलकटा रिव्यू, 16, 1851
कावेल, हर्बर्टः दि हिस्ट्री ऑफ दि
कन्स्टीट्यूशन ऑफ कोर्ट्स एंड लेजिस्लेटिव
अथारिटीज इन इंडिया, कलकत्ता।
- डायसी, ए.वी.ः ला ऑफ दि कन्स्टीट्यूशन,
(आठवां संस्करण), 1915
- फिशर, एच.ए.एल.ः दि एम्पायर एंड दि
फयूचर, 1916
- फ्रेरे, सर बीः मिनट पेपर्स ऑन दि
एक्सटेंशन ऑफ फायनेंसियल पावर्स टू
लोकल गवर्नमेंट्स 1860
- घोष, एन.ः कम्पेरेटिव एडमिनिस्ट्रेटिव ला,
1918
हेल्सबरीः लाज ऑफ इंग्लैंड।
हफटन, बर्नार्डः ब्यूरोक्रेटिक गवर्नमेंट।
हर्नः दि गवर्नमेंट ऑफ इंग्लैंड।
हैंडरिक्सः पार्लियामेंट्री कमिटी ऑन ट्रेड,
1821
- हंटर, डब्ल्यू. डब्ल्यू.ः लाइफ ऑफ मेयो,
खंड 1
केलकर, एल. सी.ः दि केस फौर इंडियन होम रूल।
लो. सर सिडनीः दि गवर्नेस ऑफ इंग्लैंड, 1914
मैन्सफील्ड, सर डब्ल्यू. आर.ः मिनट्स पेपर्स ईटीसी आन दी एक्सटेंशन ऑफ फायनेंसियल पावर्स टू लोकल गवर्नमेंट्स, 1867
मार्टिन, एम.ः ईस्टर्न इंडिया, 3 खंड।
रघुवैयंगरः प्राग्रेस ऑफ दि मद्रास प्रेसीडेंसी, 1893
रेडलिच, जे.ः पार्लियामेंट्री प्रोसीज्युर
सेलिगमैन, प्रो. ई. आर. ए.ः एसेज इन टैक्सेशन, 8वां संस्करण), 1913
स्ट्रैची, हान. जानः दि एडमि. ऑफ दि अर्ल ऑफ मेयो एज. वायसराय एंड गवर्नर जनरल ऑफ इंडिया_ गवर्नमेंट प्रिटिंग प्रेस, कलकत्ता, 1872
स्ट्रैची, कर्नल आर.ः नोट - इन फिनलेज, हिस्ट्री ऑफ प्रोविन्सियल फायनेंसियल अरेंजमेंट्स, 1867
सायक्स, कर्नलः पास्ट, प्रेजेंट एंड प्रोस्पैक्टिव फायनेंसियल कंडीशन ऑफ