II. डॉ. भीमराव अम्बेडकर द्वारा पूछे गए प्रश्न - Page 330

डॉ. भीमराव अम्बेडकर द्वारा पूछे गए प्रश्न

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(ग) किन कारणों से उसके आवेदन को अस्वीकृत किया गया?

(घ) क्या आवेदन इसलिए अस्वीकृत कर दिया गया कि आवेदक दलित वर्ग

से संबंधित था?

(ङ) लाइसेंस जारी करने के विषय में कहीं वे जातीय पक्षपात तो नहीं करते?

माननीय श्री जे.एल. रियू : (क) हां। (ख) हां। (ग) तंबाकू लाइसेंस केवल उन दीन-हीन विपदाग्रस्त लोगों को ही दिया जाता है, जो किसी अन्य उपाय से अपनी रोजी-रोटी कमाने में असमर्थ होते हैं। माननीय सदस्य द्वारा उल्लिखित व्यक्ति दूसरे उपाय से अपनी जीविका कमाने में पूरी तरह सक्षम था। इसलिए उसे लाइसेंस देना अस्वीकृत किया गया। (घ) नहीं। (ड़) नहीं।

डॉ. भीमराव अम्बेडकर : क्या यह नियम तंबाकू लाइसेंस जारी करने वाले विभाग द्वारा बनाए गए नियमों के अनुसार हैं?

माननीय श्री जे. एल. रियू : मैं नहीं सोचता कि इस संबंध में कोई विशेष नियम है, किंतु व्यवहार में उक्त कथन ही है।

डॉ. भीमराव अम्बेडकर : क्या मैं यह जान सकता हूं कि यह विशेष प्रश्न माननीय सदस्य के विभाग से संबंधित है या उत्पाद शुल्क मंत्री के विभाग से?

माननीय श्री जे.एल. रियू : यह राजस्व विभाग से संबंधित है। तंबाकू लाइसेंस बंबई के कलक्टर द्वारा दिए जाते हैं।

(बोंबे लेजिस्लेटिव काउंसिल डिबेट्स, खंड 21, पृ. 57, 29 सितंबर 1927)

नासिक वन भूमि : महारों के आवेदन

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डॉ. भीमराव अम्बेडकर : क्या सरकार यह बताने की कृपा करेगी कि —

(क) क्या उन्हें इस बात की जानकारी है कि तालुक नासिक में गांव पिंपलाद

के महारों ने कलक्टर के पास वन भूमि के लिए आवेदन किया था?

(ख) क्या उन्होंने पिंपलाद गांव की सर्वेक्षण संख्या 220 की मांग की?

(ग) उसे अस्वीकृत किए जाने पर क्या राजुर-बाबुला गांव की सर्वेक्षण संख्या

207 की मांग की गई?

(घ) उसे अस्वीकृत किए जाने पर क्या राजुर-बाबुला गांव की सर्वेक्षण संख्या

71 की मांग की गई?

(ङ) क्या यह सच है कि अंतिम आवेदन भी अस्वीकृत कर दिया गया?

(च) इन महारों के आवेदन पर अनुकूल विचार करने के बदले उन्हें निरंतर

अस्वीकृत करने के क्या कारण हैं?

माननीय श्री जी.बी. प्रधान : (क), (ख), (ग), (घ), और (ङ) हां, क्योंकि यह पहले से ही अन्य व्यक्ति को दे दी गई थी।

(2) राजुर की सर्वेक्षण संख्या 202 चरागाह वन है, जो राजस्व विभाग के अधिकार