204 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
माननीय अध्यक्षः प्रस्ताव रखा गयाः
फ्यथा संशोधित विधेयक पारित किया जाए।य्
प्रस्ताव अंगीकार किया गया।
लोक प्रतिनिधित्व (सं.-2) विधेयक
ऽविधि मंत्री (डॉ. अम्बेडकर)ः मैं संसद के सदनों या प्रत्येक राज्य के विधानमंडल के सदन या सदनों के चुनावों का संचालन करने, इन सदनों की सदस्यता की अर्हताओं तथा निर्हताओं, ऐसे चुनावों में या इनके संबंध में भ्रष्ट तथा अवैध आचरण एवं अन्य अपराध और ऐसे चुनावों या इनके संबंध में उठने वाले सन्देहों तथा विवादों के विनिश्चय विषयक विधेयक को पुरःस्थापित करने की अनुमति चाहता हूँ।
प्रस्ताव अंगीकार किया गया।
डॉ. अम्बेडकरः मैं यह पुरःस्थापित करता हूँ।
लोक प्रतिनिधित्व (सं. 2) विधेयक
ऽऽविधि मंत्री (डॉ. अम्बेडकर)ः मैं इसे पेश करने की अनुमति चाहता हूँ।
फ्कि संसद के सदनों या प्रत्येक राज्य के विधानमंडल के सदन-सदनों के चुनावों का संचालन, इन सदनों की सदस्यता की अर्हताओं तथा निर्हताओं, ऐसे चुनावों में या इनके संबंध में भ्रष्ट तथा अवैध आचरण एवं अन्य अपराध और ऐसे चुनावों में या इनके संबंध में उठने वाले संदेहों तथा विवादों के विनिश्चय विषयक इस विधेयक को एक विशिष्ट समिति को सौंप दिया जाए जिसमें श्री एन. अनन्तशयनम अय्यंगर, पंडित ठाकुर दास भार्गव, श्री महावीर त्यागी, श्री विश्वनाथदास, श्री सारंगधर दास, सरदार भूपिन्दर सिंह मान, श्रीजुत रोहिणी कुमार चौधरी, श्री गिरिजा शंकर गुहा, श्री खांडूभाई के. देसाई, श्री राम शिवन पिल्लै, श्री चन्द्रिका राम, श्री टी.आर. देवगिरिकर, श्री पी.बासी रेड्डी, श्री श्यामाप्रसाद मुखर्जी, श्री हुसैन इमाम, श्री एम.वी. रामाराव, श्री गोकुलभाई दोलतराम भट्ट, श्री राज बहादुर, कुमारी पद्मजा नायडू, श्री एस. निजलिंगप्पा, श्री रामनाथ गोयन्का, श्री हरि विष्णु कामथ, श्री एस.एन. मिश्रा, श्री एल. कृष्णास्वामी भारती, श्री सुरेन्द्र मोहन घोष, श्री कृष्ण कान्त व्यास, श्री एम.एल. द्विवेदी तथा प्रस्तावक होंगे ओर उन्हें ये अनुदेश दिए जाएं कि संसद के अगले सत्र के आरंभ होने के बाद तीसरे सप्ताह के अन्त में रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।य्
ऽसं. वा., खंड 7, भाग II, 18 दिसंबर, 1950, पृष्ठ 1834
ऽऽसं. वा., खंड 7, भाग II, 22 दिसंबर, 1950, पृष्ठ 2283-91