176 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाङ्मय
विधानसभा में गुजराती सदस्य केवल 106 हैं, मराठी सदस्य 149 हैं, लेकिन इसके बावजूद गुजराती मंत्रियों की संख्या महाराष्ट्रीय मंत्रियों के बराबर है। अब उप - मंत्रियों का विभाजन देखें :‘
मराठी भाषी - 5
गुजराती भाषी - 2
कन्नड़ भाषी - 1
योग - 9 योग
केवल उप - मंत्रियों में महाराष्ट्रीयों का एक से बहुमत है। लेकिन सबसे अधिक महत्व की बात यह है कि मंत्रियों में शक्ति और विषय की दृष्टि से किस प्रकार का विभाजन हुआ है। यह बताता है कि बंबई राज्य के मिश्रित मंत्रिमंडल में महाराष्ट्रियों को किस प्रकार की शक्ति और प्राधिकार दिया गया है।
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गुजराती उप - मंत्री महाराष्ट्रीय मंत्री
1. मोरारजी देसाई - 105 विषय 1. हीरे - 49 विषय 2. दिनकर राव देसाई - 26 विषय 2. निम्बालकर - 20 विषय 3. जीवराज मेहता - 43 विषय 3. तपासे - 15 विषय 4. शांति लाल शाह - 28 विषय 4. चव्हाण - 4 विषय
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उप - मंत्रियों में विषयों का जो विभाजन हुआ है, वह भी इसी पेटर्न पर किया गया है। उप - मंत्रियों में विषयों का विभाजन गुजराती उप - मंत्री महाराष्ट्रीय उप - मंत्री
1. इन्दुमति सेठ 12 विषय 1. वाडेरेकर 12 विषय 2. बाबूभाई जे. पटेल 3 विषय 2. देशमुख 4 विषय
3. नरवणे 5 विषय 4. साठे 5 विषय 5. पत्की 3 विषय
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ks | ks |
आइए, अब यह देखें कि महाराष्ट्र और गुजरात में विकास कार्यों पर कितना धन
खर्च किया जाता है। निम्नलिखित आंकड़ों से यह अनुमान हे जाएगा कि तीन वर्षों के दौरान महाराष्ट्र और गुजरात पर प्रति व्यक्ति व्यय कितना हुआ है :