160 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाङ्मय
खंड 4
किसी राज्य के संघ में राज्य के तौर पर शामिल हो जाने के बाद उसके क्षेत्राधिकार के अंतर्गत कोई नया राज्य बनाया जा सृजित नहीं किया जाएगा और न ही संबंधित राज्यों के विधान-मंडलों एवं संघ विधान-मंडल की सहमति के बिना दो या अधिक राज्यों अथवा राज्यों के भागों को जोड़कर कोई नया राज्य बनाया जाएगा।
अनुच्छेद 1 - अनुभाग 2 अनुच्छेद 1
अनुभाग 2
खंड 1
संयुक्त राज्य भारत किसी भी राज्य - क्षेत्र को जो भारत का प्राकृतिक अंग है या जो भारत की सीमा पर है, आपस में तय किए गए निबंधनों और शर्तों पर संघ में शामिल
स्पष्टीकरण के लिए देखिए, पृष्ठ 190
कर सकेगा। परंतु निबंधन संयुक्त राज्य भारत के संविधान से असंगत नहीं होंगे और संयुक्त राज्य संघ के राज्यों में से आधे राज्यों के विधान - मंडलों द्वारा एक संकल्प के रूप में प्रवेश की सिफारिश की जाए।
खंड 2
संयुक्त राज्य भारत राज्य - क्षेत्र अर्जित कर सकता है और उसे असम्मिलित राज्य - क्षेत्र मान सकता है। संयुक्त राज्य भारत के संविधान के उपबंध असम्मिलित राज्य - क्षेत्र पर लागू नहीं होंगे, जब तक कि संयुक्त राज्य भारत के विधान-मंडल द्वारा प्रतिकूल उपबंध न किया जाए। प्रस्तावित अनुच्छेद 2
विस्तृत विश्लेषण
अनुच्छेद 2, अनुभाग 1 . नागरिकों के मूल अधिकार
अनुच्छेद 2, अनुभाग 2 . मूल अधिकारों पर आक्रमण के विरुद्ध उपचार :
खंड 1. न्यासिक संरक्षण
खंड 2. असमान व्यवहार से संरक्षण
खंड 3. भेदभाव से संरक्षण
खंड 4. आर्थिक शोषण से संरक्षण
अनुच्छेद 2, अनुभाग 3 . अल्पसंख्यकों की सुरक्षा के लिए उपबंध :