92 बाबर रोड क्षेत्र में युद्ध पूर्व के किराये की कीमतों की अपेक्षा कम किराये निर्धारण करना - Page 131

116 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाङ्मय

(छ) क्या उनको विदित है कि कलकत्ता में मकानों का किराया नियंत्रित करते समय, बंगाल सरकार ने 1941 में लागू किराये पर 10 % की वृद्धि की अनुमति दी है।

(ज) क्या वे नई दिल्ली में किराये में समान वृद्धि का प्रस्ताव करते हैं और यदि नहीं तो क्यों?

माननीय डॉ. बी.आर अम्बेडकरः (क) (i) बाबर रोड क्षेत्र में मकानों के अनेक भिन्न वर्ग हैं जहां किराया अलग-अलग है। 42-8-0 रुपये किराया मात्र एक वर्ग के मकान का है।

(ii) जी हाँ।

(ख) किराये, दिल्ली मकान किराया नियंत्रण आदेश, 1939 के क्लॉज 8 के अधीन निर्धारित किये गये हैं, जिसके अंतर्गत किराया नियंत्रक 1 सितम्बर, 1939 से 12 महीने पूर्व समान परिस्थितियों में या समान आवास के लागू किरायों को ध्यान में रखते हुए उचित किराया तय करता है।

(ग) यह मामला सरकार का नहीं है।

(घ) उपर्युक्त भाग (ख) के उत्तर को ध्यान में रखते हुए प्रश्न नहीं उठता।

(घ) जी हां, लेकिन सरकार को इस बात के लिए कोई कारण नजर नहीं आता कि मकान-मालिकों को भारी आघात लगा।

(च) करोल बाग में ऐसे कोई मकान नहीं है जिनमें वैसी ही या समान आवासीय व्यवस्था हो।

(छ) इस बिन्दु के संबंध में मेरे पास कोई सरकारी जानकारी नहीं है।

(ज) नहीं, सरकार को यह न्यायसंगत नहीं लगता।

सरदार संत सिंहः क्या माननीय सदस्य नई दिल्ली नगरपालिका समिति द्वारा निर्धारित किरायों की कीमत में भिन्नता की तथा मालिकों को मिलने वाले किराये की जांच करेंगे और यह देखेंगे कि मकान मालिकों के प्रति कुछ न्याय किया जाए तथा किराया बढ़ाया जाए?

माननीय डॉ. बी.आर. अम्बेडकरः मैं ऐसा नहीं कर सकता क्योंकि उचित किराया, अधिकारी द्वारा निर्धारित किया गया है। यह सोचने का कोई कारण नहीं कि उनका निर्णय किन्हीं परिस्थितियों से प्रभावित था, जिस पर उन्हें ध्यान नहीं देना चाहिये था।