286 कोयला खान कामगारों के शिविरों में राशन की व्यवस्था - Page 355

340 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाङ्मय

चिकित्सा स्नातक प्रभारी होता है। एक हजार से कम मजदूरों वाले प्रत्येक शिविर का प्रभारी एक चिकित्सा लाइसेंसधारी होता है।

(ग) हाँ।

(घ) हाँ।

(घ) ये शिविर दूर-दूर तक फैले हैं। इसलिए सीमित समय के भीतर जानकारी हासिल करना संभव नहीं हो पाया है।

(च) हाँ।

(छ) अनिमिया। इस मामले में भी मांगे गए आंकड़े एकत्र करने के लिए समय चाहिए।

(ज) हाँ। पिछले दिसम्बर के अंत तक 156 अधिकांश मृत्यु प्राकृतिक कारणों से हुई। कुछ मृत्यु कार्यस्थल पर दुर्घटनाओं की वजह से होती हैं।

(झ) हाँ, डायरेक्टरेट ऑफ अनस्किल्ड लेबर सप्लाई में मुख्य चिकित्सा अधिकारी का एक पद मंजूर किया गया है। विशेष व्यवस्था किए जाने की वजह से स्थानीय सिविल सर्जन शिविरों का दौरा नहीं करते। गंभीर रोगियों को सिविल अस्पताल ले जाया जाता है।

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* कोयला खान कामगारों के शिविरों में राशन की व्यवस्था

567. प्रो एन.जी. रंगाः (क) क्या माननीय श्रम सदस्य यह बताने की कृपा करेंगे कि क्या इन खान मजदूर शिविरों में रहने वाले कामगारों को राशन सीधे सरकार द्वारा दिया जाता है या किसी ठेकेदार के माध्यम से_

(ख) क्या प्रत्येक कामगार को अपना राशन अलग-अलग लेने की इजाजत है अथवा क्या राशन 50 आदमियों की टोली को थोक में दिया जाता है_

(ग) क्या यह सच है कि मजदूरों को प्रायः ठेकेदारों द्वारा कम राशन तोल कर दिया जाता है_

(घ) क्या ये मजदूर अपना राशन स्थानीय सरकार की राशन दुकानों या डिपो से खरीद सकते हैं_ और यदि नहीं, तो क्यों नहीं?

* विधानसभा वाद-विवाद (केन्द्रीय), खण्ड 2, 1945, 28 फरवरी, 1945, पृष्ठ 819-20