चौथा भाग
अ-धम्म क्या है?
परा-प्राकृतिक में विश्वास अ-धम्म है।
ईश्वर के अस्तित्व में विश्वास अ-धम्म है।
ब्रह्म से संयोजन पर आधारित धम्म मिथ्या धम्म है।
आत्मा में विश्वास अ-धम्म है।
यज्ञ (बलि-कर्म) में विश्वास अ-धम्म है।
कल्पनाश्रित विश्वास अ-धम्म है।
कर्म के ग्रंथों का वाचन मात्र अ-धम्म है।
धर्म-ग्रन्थों की गलती को सम्भावना से परे मानना अ-धम्म है।