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है, और न किसी निमन्त्रण को स्वीकार करता है, वह पकाने के बर्तन के मुँह से निकाली गई कोई भी वस्तु स्वीकार नहीं करता, और न ही द्वार के भीतर रखी, और न ही एक ओखली के भीतर रखी और न ही लकडि़यों के भीतर रखी, और न ही चक्की के भीतर रखी, और न ही एक साथ भोजन करते दो लोगों से कोई वस्तु लेता है, और न ही एक गर्भवती स्त्री से, और न ही एक दूध पिलाने वाली माँ से, और न ही किसी पुरुष के साथ सम्भोग कर रही एक स्त्री से, और न ही सूखे (अकाल) में एकत्रित भोजन में से, और न ही वहाँ से जहाँ एक कुत्ता है, और न ही वहाँ से जहाँ मक्खियाँ भिनभिना रही हैं, और न ही वह मछली या माँस स्वीकार करेगा, और न ही तेज नशीले पेय पदार्थ पियेगा, न तो मद्य, और न ही चावल की माँड। वह या तो एक घर से भोजन माँगने वाला एक कौर खाने वाला है, या एक दो घर से भोजन माँगने वाला, एक दो कौर खाने वाला मनुष्य है, या एक सात घर से भोजन माँगने वाला, एक दो कौर खाने वाला मनुष्य है। वह स्वयं का एक भिक्षा, दो भिक्षा या सात भिक्षा से भरण-पोषण करता है। वह दिन में केवल एक बार भोजन ग्रहण करता है, या दो दिन में केवल एक बार या प्रत्येक सात दिन में केवल एक बार। अतः वह नियमानुसार भोजन ग्रहण करने की आदत का शिकार बनकर रहता है, नियमित अन्तरालों पर, यहाँ तक अर्धमास में एक बार तक। यह या तो गमलों में उगाये गये पौधों पर गुजारा करता है, या जंगली चावल पर, या निवार-बीजों पर, या चमड़े की छीलन पर, या सेवाल पर, या चावल की भूसी के आटे पर, या चावल के कचरे पर, या आटे पर या खाली पर, या घासों पर या गोबर पर, या जंगल के या हवा के झोकों से गिरे फल या कन्द-मूलों पर। वह मोटा ऊन का कपड़ा पहनता है, मोटा मिश्रित कपड़ा, कफन का फेंका हुआ कपड़ा, फेंके हुए चीथड़े, या वल्कल वस्त्र पहनता है, या पुनः वह मृग-छाल पहनता है या मृग-छाल की बनी पट्टियों की जाली, या कुश-तृण या छाल-वस्त्र, या एक मानव-बालों का कम्बल, या एक घोड़े के बालों का कम्बल, या एक उल्लू के पंखों का वस्त्र पहनता है। वह बाल व दाढ़ी लुंजन करने वाला है, दोनों का लुं×जन करने वाला है, दोनों का लुं×जन करने की आदत का शिकार है, एक सदैव खड़ा रहने वाला है, एक एडि़यों के बल चलने वाला है, इस प्रकार उकडूँ बैठकर आगे सरकने की आदत का शिकार है, कांटों की शैय्या पर सोने वाला मनुष्य है, अपनी शैय्या में लोहे की कीलें या काँटे गाड़कर उन पर सोता है वह लकड़ी के तख्ते का प्रयोग करता है, जमीन पर सोता है, केवल एक करवट सोता है_ एक धूल-मिट्टी लपेटने वाला है और एक खुली हवा में रहने वाला मनुष्य है। एक जहाँ इच्छा को