III. भारतीय परिसीमा विधि - Page 201

184 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर सम्पूर्ण वाघ्मय

के रूप प्रस्तुत किए गए हैं, इसलिए वाद उसी कालावधि में लाया जाना है।

  1. रजिस्ट्रीकरण अधिनियम के अधीन कार्यवाहियां।

(1) अभिलेखों का प्रस्तुतीकरण - 4 माह।

(2) अभिलेखों को स्वीकार करने के लिए पक्षों की उपस्थिति-4 माह।

3. दांडिक कार्यवाहिया

(1) दांडिक कार्यवाहियां सामान्यतः सम्राट के नाम से दायर की जाती है, क्योंकि

वे राज्य की शांति को भंग करती हैं।

(2) यह संवैधानिक विधि का एक सत्र है कि समय का व्ययगमन राजा के

अधिकारों को प्रभावित नहीं करता है।

(3) ऐसा होने से परिसीमा विधि दांडिक कार्यवाहियों में लागू नहीं होती है।

(4) दो बातें सूचित हो सकती हैं-

  1. बहुत से अधिनियम हैं जो उन अधिनियमों के अधीन अभियोजनों को

प्रस्तुतिकरण के लिए समय सीमा का निर्धारण करते हैं।

  1. परिसीमा अधिनियम यद्यपि दांडिक कार्यवाहियों के लिए किसी सामायिक

परिसीमा के लिए प्रावधान ही करता है।

4. सिविल कार्यवाहियां

(i) वादों के संबंध में विभिन्न अनुच्छेदों में विभिन्न प्रकार के वाद अभिलिखित किए गए हैं। वही एक सामान्य अवशिष्ट अनुच्छेद अधिनियम सं. 120 भी है, जो प्रत्येक वाद, जिसके लिए कोई परिसीमा की समयावधि अनुसूची में कहीं भी प्रावधान नहीं है लागू होने के लिए बनाया गया है। अतः अधिनियम सभी मामलों में लागू होता है।

(ii) अपीलों के संबंध में दो न्यायालय होते हैं जिनमें भारत में अपील की जा सकती है - (1) जिला न्यायाधीश का न्यायालय एवं (2) उच्च न्यायालय। परिसीमा अधिनियम इन दोनों न्यायालयायों में अपीलों का उल्लेख करता है। अतः यह कहा जा सकता है कि परिसीमा विधि सभी अपीलों में लागू होती है।

(iii) आवेदन पत्रों के संबंध में, विभिन्न प्रकार के आवेदन पत्र अनुसूची के विभिन्न अनुच्छेदों में प्रमाणित किए गए हैं। जैसे कि वादों से संबंधित अनुच्छेदों के विषय में एक अनुच्छेद 181 भी आवेदन पत्रों के लिए है जिसके लिए कहीं भी अनुसूची में या सिविल प्रक्रिया संहिता (सीपीसी) की धारा 48 द्वारा परिसीमा की कोई कालावधि निर्धारित नहीं की गई है किन्तु उच्च न्यायालय ने निर्णीत किया है कि इस अधिनियम का लागू होना केवल सीपीसी (व्यय प्र. सं.) के अंतर्गत प्राप्त आवेदन पत्रों तक सीमित होना है। उसके ऐसा होने पर यह स्पष्ट है कि परिसीमा अधिनियम सभी आवेदन पत्रों पर लागू नहीं होता है। उदाहरणार्थ यह निम्न में लागू नहीं होता है।