अध्याय 5 - भारत का महालेखा परीक्षक - Page 181

162 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर सम्पूर्ण वाघ्मय

अध्याय 5

भारत का महालेखा परीक्षक

भारत का 124. (1) भारत का एक महालेखा परीक्षक होगा जिसे राष्ट्रपति महालेखा परीक्षक नियुक्त करेगा और उसे उसके पद से केवल उसी रीति

से और उन्हीं आधारों पर हटाया जाएगा जिस रीति से

और आधारों पर उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश को

हटाया जाएगा।

(2) महालेखा परीक्षक के वेतन और सेवा की अन्य शर्तें होंगी

जो संसद विधि द्वारा, अवधारित करे और जब तक वे इस

प्रकार अवधारित नहीं की जाती हैं तब तक ऐसी होंगी

जो दूसरी अनुसूची में विनिर्दिष्ट हैंः

परंतु महालेखा परीक्षक के वेतन, छुट्टी, पेंशन या निवृत्ति

की आयु-सीमा के संबंध में उसके अधिकारों में उसकी

नियुक्ति के पश्चात् अलाभकारी परिवर्तन नहीं किया

जाएगा।

(3) महालेखा परीक्षक अपने पद पर न रहने के पश्चात् भारत

सरकार के या किसी राज्य सरकार के अधीन किसी और

पद का पात्र नहीं होगा।

(4) महालेखा परीक्षक के कर्मचारीवृंद को या उनकी बाबत

संदेय वेतन, भत्ते और पेंशन महालेखा परीक्षक द्वारा

राष्ट्रपति के परामर्श से, नियत किए जाएंगे।

(5) महालेखा परीक्षक और उसके कर्मचारीवृंद को या उनकी

बाबत संदेय वेतन, भत्ते और पेंशन भारत के राजस्व पर

भारित होंगे।

महालेखा परीक्षक 125. महालेखा परीक्षक संघ और राज्यों तथा किसी अन्य के कर्तव्य और प्राधिकारी या निकाय के लेखाओं के संबंध में ऐसे