भाग 17 - अस्थायी और संक्रमणकालीन उपबंध - Page 295

276 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर सम्पूर्ण वाघ्मय

भाग 17

अस्थायी और संक्रमणकालीन उपबंध

* राज्य सूची 306. इस संविधान में किसी बात के होते हुए भी, संसद को के कुछ विषयों इस संविधान के प्रारंभ से पांच वर्ष की अवधि के दौरान के संबंध में निम्नलिखित विषयों के बारे में विधि बनाने की इस प्रकार विधि बनाने की शक्ति होगी मानों वे विषय समवर्ती सूची में प्रगणित हों, संसद की इस अर्थात्-

प्रकार अस्थायी (क) सूती और ऊनी वस्त्रों, कागज (अखबारी कागज समेत), शक्ति मानो वे खाद्य पदार्थों (खाद्य तिलहनों और तेल समेत), रसायन समवर्ती सूची और रसायन उत्पादनों, यांत्रिक रुप से चालित यानों, के विषय हा ें कोयले, लौह, इस्पात और अभ्रक का किसी राज्य के

भीतर व्यापार और वाणिज्य तथा उनका उत्पादन, प्रदाय

और वितरण_

(ख) विस्थापित व्यक्तियों को राहत और उनका पुनर्वास_

(ग) इस अनुच्छेद के खंड (क) और (ख) में वर्णित विषयों

में से किसी विषय से संबंधित विषयों के विरुद्ध

अपराध, उन विषयों में से किसी के प्रयोजनों के लिए

जांच और आंकड़े उन विषयों में से किसी के संबंध में

उच्चतम न्यायालय से भिन्न सभी न्यायालयों की अधिकारिता

और शक्तियां, तथा उन विषयों में से किसी के संबंध में

फीस किन्तु इसके अंतर्गत किसी न्यायालय में ली जाने

वाली फीस शामिल नहीं हैः

* समिति की राय है कि खाद्य वस्तुओं और कुछ अन्य वस्तुओं के उत्पादन, प्रदाय और वितरण संबंधी

वर्तमान अवस्थाओं की दृष्टि से और शरणार्थियों की राहत और पुनर्वास की विशेष समस्या की दृष्टि

से संसद के लिए पांच वर्ष की अवधि के लिए इन विषयों के संबंध में विधियां बनाने की शक्ति का

उपबंध किया जाना चाहिए यद्यपि आमतौर पर ये विषय राज्य सूची में आते है। ऐसी ही शक्ति भारत

(केन्द्र सरकार और विधानमंडल) अधिनियम, 1946 द्वारा सीमित अवधि के लिये प्रदान की गई थी।