भाग 17 - अस्थायी और संक्रमणकालीन उपबंध - Page 300

281

(4) इस संविधान के प्रारंभ से ठीक पूर्व भारतीय डोमिनियन

के मंत्री का पद धारण करने वाले सभी व्यक्ति ऐसे प्रारंभ

के पश्चात् इस संविधान के अधीन अनंतिम राष्ट्रपति की

मंत्री परिषद के सदस्य बन जाएंगे।

पहली अनुसूची 312. (1) जब तक कि पहली अनुसूची के भाग 1 में तत्समय के भाग 1 के विनिर्दिष्ट प्रत्येक राज्य के विधानमंडल का या के सदन प्रत्येक राज्य में सम्यकतः गठित नहीं किया जाता है यह किए जाते हैं अंतिम विधान- और इस संविधान के उपबंधों के अधीन प्रथम सत्र के मंडल, राज्यपाल लिए अधिवेशन के लिए आहूँत नहीं किया जाता है या आदि के बारे में किए जाते हैं तब तक इस संविधान के प्रारंभ के ठीक उपबंध पहले काम करने वाले तत्स्थानी प्रत्येक राज्य के विधानमंडल

के सदन या सदनों को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग और

कर्तव्यों का पालन करेगा या करेंगे।

(2) इस संविधान के प्रारंभ से ठीक पहले किसी प्रांत की

विधानसभा के अध्यक्ष का तथा विधान परिषद के

अध्यक्ष का पद धारण करने वाला व्यक्ति, ऐसे प्रारंभ के

पश्चात् पहली अनुसूची के भाग 1 में तत्समय विनिर्दिष्ट

तत्स्थानी राज्य की यथास्थिति विधानसभा का अध्यक्ष या

विधान परिषद इस अनुच्छेद के खंड (1) के अधीन

कार्य कर रही हो।

(3) इस संविधान के ऐसे प्रारंभ के ठीक पहले किसी प्रांत में

राज्यपाल (गर्वनर) पद धारण करने वाला व्यक्ति, प्रारंभ

के पश्चात् पहली अनुसूची के भाग 1 में तत्समय

विनिर्दिष्ट तत्स्थानी राज्य का अंतिम राज्यपाल होगा जब

तक की संविधान के भाग 6 के अध्याय 2 के उपबंधों

के अनुसार एक नये राज्यपाल का निर्वाचन/नियुक्ति **

न हो जाए और वह अपना पद ग्रहण न कर ले।

(4) इस संविधान के प्रारंभ से ठीक पहले किसी प्रांत में मंत्री

का पद धारण करने वाले सभी व्यक्ति, ऐसे प्रारंभ के

** अनुच्छेद 131 में दूसरे अनुकल्प को अंगीकार किया जाए तो निर्वाचित शब्द के बजाय ‘नियुक्त’ शब्द

का प्रयोग करना होगा।