22 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर सम्पूर्ण वाघ्मय
में निवास कर रहे हैं और संघ के क्षेत्राधिकार के अधीन हैं, संघ के नागरिक होंगे।’’
मेरे विचार में, कुछ इसी प्रकार का खण्ड जरुरी है और उसके अंतर्गत वे लोग भी आएंगे जो, भारत में जन्मे हैं, जो संघ के बनने के बाद संघ की प्रजा होंगे। इस खण्ड के बिना लोगों की बहुत बड़ी संख्या नागरिकता से वंचित हो जाएगी। उनकी कोई भी नागरिकता नहीं रहेगी। अतः मेरा सुझाव है कि पूरा खण्ड भी आगे विचार के लिए वापस भेजा जा सकता है।
सभापतिः यह सुझाव आया है कि और आगे विचार के लिए पूरे खण्ड 9 को अभी रोक दिया जाए।
श्री आर.के. सिधवाः यह केवल वकीलों का ही विषय नहीं है। इस प्रश्न का संबंध हर आम आदमी से है।
सभापतिः सलाहकार समिति इस पर विचार करने के लिए स्वतंत्र होगी और यदि वह महसूस करे तो वह अगली बैठक में कोई भी सुझाव पेश कर सकती है।
(खण्ड 3 स्थगित किया गया)