72 बाबा साहेब डा. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
अदालत को इन्हें परिभाषित करने में कोई कठिनाई नहीं होगी। मैं इसलिए आशा करता हूँ कि जिन संशोधनों को मैंने स्वीकार किया है, उन्हें सदन भी स्वीकार कर लेगा।
श्रीमान् उपाध्यक्ष ः मैं अब संशोधनों को, एक के बाद एक, मतदान के लिए रखूँगा।
माननीय डॉ. बी.आर. अम्बेडकर ः मुझे दुख है, मैं यह कहना भूल गया कि मैं संशोधन संख्या 342 को स्वीकार करता हूँ।
¹अधोलिखित संशोधन डॉ. अम्बेडकर के द्वारा स्वीकार कर लिए गए और सदन द्वारा स्वीकार कर लिए गए।ह्
फ्( i ) कि अनुच्छेद 10 की धारा (1) में, शब्दों फ्रोजगार के मामलों मेंय् के लिए शब्द
‘रोजगार या पद पर नियुक्ति से संबंधित मामलों में’ प्रतिस्थापित किए जाएं।य्
( ii ) कि अनुच्छेद 10 की धारा (2) में, शब्दों फ्इनएलिजेबल फॉर एनीय् के बाद
शब्द फ्इम्प्लायमेंट औरय् अन्तर्विष्ट किए जाएं।य्
( iii ) कि अनुच्छेद 10 की धारा (2) में, शब्द ‘जन्म स्थान’ के पहले शब्द ‘भारत
में’ जोड़ा जाए।य्
( iv ) कि अनुच्छेद 10 की धारा (2) में, शब्द ‘जन्म’ के बाद शब्द ‘निवास’
अन्तर्विष्ट किया जाए।य्
( v ) कि अनुच्छेद 10 की धारा (2) में, शब्द ‘अयोग्य’ के बाद ‘या के विरुद्ध
भेदभाव बरता गया’ अन्तर्विष्ट किया जाए।य्
कि अनुच्छेद 10 की धारा (2) के बाद अधोलिखित नयी धारा अन्तर्विष्ट की जाए-
फ्(अ)। इस अनुच्छेद की कोई बात संसद को प्रथम अनुसूची में अस्थायी रूप से उल्लिखित किसी राज्य के तहत किसी पद पर किसी वर्ग या वर्गों की नियुक्ति या रोजगार के संबंध में या इसके क्षेत्र के अन्दर किसी स्थानीय या दूसरे प्राधिकारी के उस राज्य के अन्दर निवास के संबंध में इस प्रकार के रोजगार या नियुक्ति के पूर्व किसी आवश्कता को निर्धारित करने के लिए किसी कानून को बनाने से नहीं रोकेगी।य्
¹शेष 8 संशोधन अस्वीकृत हुए।ह्
अनुच्छेद 10, यथासंशोधित रूप में, संविधान में जोड़ दिया गया।
अनुच्छेद 12
ख्ऽ, श्री टी.टी. कृष्णमाचारी - महोदय, मैं प्रस्ताव करता हूँ -
फ्कि अनुच्छेद 12 की धारा (1) में, शब्द ‘उपाधि’ के बाद शब्द ‘जो सैनिक या शैक्षिक विशिष्टता नहीं है’ अन्तर्विष्ट किए जाएं।य्
ऽ सी.ए.डी., अंक VII, 30 नवम्बर, 1948, पृ. 704