14. प्रसूति लाभ विधेयक - Page 195

178 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाङ्मय

इस संबंध में मेरा यह कहना है कि मान लीजिए यह विधेयक संपूर्ण ब्रिटिश भारत पर लागू किया जाता है, तो किसी व्यक्ति को यह बात कहने से कैसे रोका जा सकता है कि यह विधेयक केवल भारत पर क्यों लागू किया जा रहा है, अन्य देशों पर क्यों नहीं? विश्व के अन्य देशों की तुलना में ‘भारत को अलाभकारी स्थिति में क्यों डाला जा रहा है और हमें इस स्थिति में उस समय तक प्रतीक्षा करनी चाहिए, जब तक कि संपूर्ण विश्व इस सिद्धांत को नहीं अपना लेता और ऐसा होने पर हम अन्य देशों के समान हो जाएंगे।’ मेरे विचार में इस तर्क में कोई वजन नहीं है और मैं सोचता हूं कि इस विधेयक के माध्यम से सुझाए गए लाभ विधान-मंडल द्वारा उन गरीब महिलाओं को दिए जाने चाहिए, जो इस प्रेसिडेंसी में हमारी फैक्टरियों में कठिन परिश्रम करती हैं।