690 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
(2) विधवा के दत्तकग्रहण का अधिकार एक बार समाप्त हो जाने के बाद पुनः नहीं दिया जा सकता।
(66)
दत्तक की क्षमता
62. दत्तक देने की क्षमता रखने वाले व्यक्तिः (1) लड़के के माता अथवा पिता के अतिरिक्त किसी अन्य को
उसे गोद देने का अधिकार नहीं है।
(2) उप-धारा 3 के खंड ब व स के प्रावधान के होते हुए पिता यदि जीवित है तो उसे अकेले गोद देने का अधिकार है किंतु उस अधिकार का प्रयोग वह तब तक नहीं कर सकता जब तक कि उस बच्चे की मां यदि वह अपनी सहमति देने में सक्षम है, सहमति न दे दे।
(3) माता लड़के को दत्तक दे सकती है -
(क) यदि पिता की मृत्यु हो चुकी हो_
(ख) यदि पिता ने भाग 7 की धारा 110 की उप-धारा (1)
में दी गई किसी रीति के अनुसार पूर्णतया व अंतिम
रूप से संसार का त्याग कर दिया हो_
(ग) यदि वह हिंदू न रह गया हो, अथवा
(घ) यदि वह अपनी सहमति देने में सक्षम न होः बशर्ते कि पिता ने भारतीय पंजीकरण अधिनियम, 1908 (1908 का XVI )के तहत पंजीकृत प्रपत्र द्वारा या उत्तराधिकार अधिनियम, 1925 (1925 का XXXIX ) की धारा 63 के अनुसार की गई वसीयत के अनुसार उस पर रोक न लगा दी हो । (4) पिता या माता जो पुत्र का दत्तकग्रहण दे रहे हों अनिवार्यतः
भाग 5, धारा 12, पृष्ठ 25
मानसिक रूप से स्वस्थ हों व 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके हों।
स्पष्टीकरणः- इस धारा के उद्देश्य के लिए-
- फ्पिताय् अथवा फ्माताय् में गोद लिए हुए माता या पिता शामिल नहीं है, तथा
- एक पिता या माता, जैसा भी मामला हो, अपनी सहमति देने में सक्षम नहीं हो सकते हैं यदि वे मानसिक रूप से अस्वस्थ हों या उन्होंने 18 वर्ष की आयु पूर्ण न की हो।