34. लोक प्रतिनिधित्व (संशोधन) विधेयक - Page 631

616 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

नहीं दर्शाया जाना चाहिए, यह बहुत महत्वपूर्ण मुद्दा है। इंग्लैंड में भी अपने प्रचार के संबंध में व्यय करने के विभिन्न दलों के अधिकारों को मान्यता प्रदान की गई है। किंतु डॉ. अम्बेडकर के भाषण के अनुसार किसी विशिष्ट उम्मीदवार के समर्थन में उपगत व्यय उस उम्मीदवार के निर्वाचन व्ययों की विवरणी में दर्शाया जाना चाहिए। क्या ऐसा कोई कारण है कि हमें यहां क्यों पृथक् आचरण का पालन करना चाहिए? क्या यह सुस्पष्ट है कि इससे भ्रष्टाचार पैदा होगा और यह प्रमुखतः इस विधेयक के कई उपबंधों को प्रभावित करता है। श्रीमन्, इसलिए मैं कहता हूं कि इस खंड पर बहस को स्थगित कर दिया जाए जिससे कि हमें इस पर विचार करने और ऐसे संशोधनों को अग्रेषित का और समय मिल जाए। हम यह सोचते हैं कि अति अवांछनीय स्थिति को पैदा किए बिना, इससे इच्छित परिणाम प्राप्त किया जा सकेगा।

माननीय अध्यक्षः क्या माननीय मंत्री जी कोई बात कहना चाहते हैं?

डॉ. अम्बेडकरः जो मैंने कहा उसमें मुझे कुछ नहीं जोड़ना है।

माननीय अध्यक्षः तब मैं संशोधनों को मतदान के लिए प्रस्तुत करता हूंः सर्वप्रथम मैं श्री कॉमथ का संशोधन प्रस्तुत करूंगा। प्रश्न हैः

कि खंड 124 के भाग (2) में फ्किसी भवन काय् शब्द का लोप करें।

प्रस्ताव को अस्वीकार किया गया।

माननीय अध्यक्षः तब पैरा 3 हटाने के लिए श्री आर.के. चौधरी का संशोधन है।

श्री आर.के. चौधरीः मैं सोचता हूं कि यह स्वीकार कर लिया गया है।

डॉ. अम्बेडकरः नहीं, नहीं। मैं इसे स्वीकार नहीं करता।

श्री आर.के. चौधरीः तब मैं सदन से इसे वापस लेने की इजाजत चाहता हूं।

माननीय अध्यक्षः मैंने इसे सदन के समक्ष नहीं रखा है। इसलिए यह अप्रस्तुत हो जाता है। अब मुझे डॉ. अम्बेडकर के संशोधन को मतदान के लिए प्रस्तुत करना है। प्रश्न हैः (जैसा पृष्ठ 618-19 पर दर्शाया गया है)

खंड 124 के उप-खंड (1) में निम्नलिखित जोड़ेंः

फ्स्पष्टीकरणः ऐसी संस्था या संगठन द्वारा समर्थित किसी उम्मीदवार के निर्वाचित होने की संभावना के प्रोत्साहन के लिए किसी संस्था या संगठन द्वारा यथापूर्वोक्त उपगत या प्राधिकृत किसी ऐसे व्यय को इस खंड के अर्थान्तर्गत उपगत या प्राधिकृत समझा जाएगा।य्

प्रस्ताव अंगीकार किया गया।