274 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
बनाना अनुपयुक्त तथा विसंगत होगा।
(ग) आयकर अपीलीय अधिकरण से विधि के मुद्दों से संबंधित निर्देश उच्च न्यायालय में किए जाते हैं। इसका स्तर बढ़ाने के लिए किसी ऐसे व्यक्ति को जो उच्च न्यायालय का न्यायाधीश रहा है इसका अध्यक्ष नियुक्त करना आवश्यक नहीं है। अधिकरण का वर्तमान सतर बहुत ऊँचा है और इसका अध्यक्ष या न्यायिक सदस्य किसी ऐसे व्यक्ति को नियुक्त करने में सावधानी बरती जाती है जो बार का वरिष्ठ सदस्य है या वरिष्ठ जिला न्यायाधीश है और जो खण्डपीठ के लिए प्रोन्नत किया जाता है।
वस्तुतः दोनों पूर्व अध्यक्ष अब उच्च न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में कार्य कर रहे हैं।
*****
| o | kZp | u |
|---|
(9)
96 श्री देशबंधु गुप्ता : क्या विधि मंत्री यह बताने की कृपा करेंगे कि क्या लोकसभा के लिए पहले आम चुनाव की कोई निश्चित तारीख निश्चय की गई है?
(ख) मतदाता सूचियाँ तैयार करने में क्या प्रगति की गई है और निर्वाचन तंत्र स्थापित करने के लिए क्या कदम उठाये गये हैं।
विधि मंत्री (डॉ. अम्बेडकर) : (क) लोकसभा के लिए पहले आम चुनाव की कोई तारीखें निश्चित नहीं की गई है। स्पष्ट रूप से ऐसा करना बहुत जल्दी है।
(ख) मतदाता सूचियाँ तैयार करने के संबंध में संविधान सभा के आखिरी सत्र में तारांकित प्रश्न संख्या 469 का पिछले 9 दिसम्बर को दिये गये उत्तर की ओर ध्यान आकष्षित किया जाता है। पिछले दो महीनों के दौरान राज्यों ने कुछ और प्रगति की है। मुख्य निर्वाचन आयुक्त के कार्यालय की स्थापना की जा चुकी है, और उसके प्राधिकारी की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा निकट भविष्य में किये जाने की आशा है। निर्वाचन से संबंधित विभिन्न मामलों को शामिल करते हुए एक व्यापक विधेयक को तैयार करने का कार्य भी शुरू कर दिया गया है।
श्री देशबंधु गुप्ता : क्या मंत्री महोदय का ध्यान हाल ही में प्रधानमंत्री द्वारा दिये गये उस वक्तव्य की ओर दिलाया गया है कि निर्वाचन, वर्ष 1950 के अंत में किया जायेगा? क्या मैं यह जान सकता हूँ कि क्या सरकार का यही निर्णय है? और यदि
* संसदीय सभा (विधायी) वाद-विवाद, खंड- 1, भाग- I, 6 फरवरी, 1947, पृ. 79