38. मैं एटली का बयान समझने में विफल रहा। - Page 371

354 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

d k
d F ku
l e >
i k;
38

वायसराय कार्यपरिषद के पूर्व सदस्य और अनुसूचित जातियों के नेता डॉ. अम्बेडकर से ग्लोब के साथ एक साक्षात्कार में जब भारत के बारे में श्री एटली के कथन पर उनकी प्रतिक्रिया पूछी गई तो उन्होंने कहा, ’’मैंने उसे नहीं पढ़ा है। वास्तव में, मैं उस कथन को समझ नहीं पाया।’’

डॉ. अम्बेडकर ने आगे कहा- ’’उस कथन में एक भी मुद्दा ऐसा नहीं है जिस पर मैं आश्वस्त होकर यह कह सकूं कि यह मुझे स्पष्ट है। उस कथन में कुछ भी सुस्पष्ट नहीं है। संभवतया, मेरी बुद्धि इतनी सीमित है कि मैं यह जान नहीं पाया कि यह कथन किस बारे में है।’’

क्या अनुसूचित जाति के सिख अखिल भारतीय अनुसूचित जाति फेडरेशन के अभिन्न अंग हैं और यदि हैं तो पंजाब सरकार के खिलाफ लीग के प्रदर्शन में भाग लेने में उनका क्या उद्देश्य था, इस सवाल के जवाब में डॉ. अम्बेडकर ने कहा, ’’मुझे इसकी कोई जानकारी नहीं है कि क्या वे अनुसूचित जाति फेडरेशन के अंग हैं ? इसका जवाब स्वयं पंजाब के सिख बेहतर दे सकेंगे’’- ग्लोब। ख्1,

  1. पुनर्मुद्रित, जय भीम, तारीख 16 मार्च, 1947.