खण्ड - III अछूतों को भारत के राजनीतिक क्षितिज पर लाने और भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला रखने में डॉ. बी.आर. अम्बेडकर की भूमिका - Page 80

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पूर्व डॉ. अम्बेडकर ने साउथबोरो कमीशन के समक्ष साक्ष्य दिया था।

साइमन कमीशन के साथ सहयोग करने के लिए केंद्र सरकार ने अखिल ब्रिटिश भारत के लिए एक समिति नियुक्त की और प्रत्येक विधान परिषद ने साइमन कमीशन के साथ कार्य करने के लिए अपनी प्रांतीय समिति निर्वाचित की। बंबई प्रांतीय समिति में बंबई विधान परिषद द्वारा 3 अगस्त, 1928 को अन्य सदस्यों के साथ-साथ डॉ. अम्बेडकर का चयन किया गया।

साइमन कमीशन की कार्रवाइयों और दौरों ने भारतीय राजनीतिक परिदृश्य को प्रकाशमान बना दिया और अन्य शक्तियों के साथ यह डॉ. अम्बेडकर की शक्ति, बुद्धिमत्ता और ओजस्व को सामने लेकर आया।

कमीशन के समक्ष अठारह दलित वर्ग के संघों ने साक्ष्य दिया और उसके समक्ष अपना ज्ञापन प्रस्तुत किया। उनमें से सोलह ने दलित वर्गों के लिए पृथक मतदाताओं की वकालत की। बहिष्कृत हितकारिणी सभा की ओर से डॉ. अम्बेडकर ने दलित वर्गों के लिए सीटों के आरक्षण के साथ संयुक्त मतदाताओं की मांग करते हुए साइमन कमीशन को एक ज्ञापन प्रस्तुत किया। [*]

मद्रास केंद्रीय आदि-द्रविड़ महाजन सभा ने दलित वर्गों के लिए नामांकन की मांग की। बंबई प्रांतीय गैर-ब्राह्मण पार्टी ने अपने ज्ञापन में पृथक मतदाताओं और दलित वर्गों के लिए आरक्षित सीटों की सिफारिश की। मुस्लिम लीग ने सिंध के पृथक्करण, एनडब्ल्यूएफ में नए प्रांत के सृजन, मुसलमानों के लिए पृथक मतदाताओं और संघीय संविधान में प्रांतों के लिए अवशिष्ट शक्तियों की लिए मांग दोहरायी।

दिनांक 23 अक्तूबर, 1928 को साइमन कमीशन, केंद्रीय समिति और बंबई प्रांतीय समिति ने पूना में डॉ. अम्बेडकर से पूछताछ की। [**] ब्रिटिश श्रमिक नेता, मेजर एटली, जो बाद में ब्रिटेन के प्रधान मंत्री बने, साइमन कमीशन के सदस्य थे। एटली ने पूछताछ के क्रम में डॉ. अम्बेडकर से कुछ संगत प्रश्न पूछे।

साइमन कमीशन का कार्य शीतकाल तक जारी रहा। प्रांतीय समिति भी स्वयं अपनी रिपोर्ट का प्रारूप तैयार कर रही थी। बंबई विधान परिषद द्वारा साइमन कमीशन का सहयोग करने के लिए नियुक्त समिति ने संवैधानिक समस्या से संबंधित सरकारी और गैर-सरकारी साक्ष्य की सुनवाई के बाद दिनांक 7 मई, 1929 को **** लेख और भाषण, खंड 2, पृष्ठ 429, 458 देखिये।-तदैव-, पृष्ठ 459-89 ।लेख और भाषण, खंड 2, पृष्ठ 315-401 देखिये।