158 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
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1 जून, 1946
वरली क्षेत्र में, जहां पिछले चार दिन के दौरान अनुसूचित जाति के सदस्यों और सवर्ण हिन्दुओं के बीच बारंबार हुए संघर्षों के फलस्वरुप अब तक पांच व्यक्ति मारे गए हैं। और लगभग सŸार घायल हुए हैं, आज सुबह से स्थिति शांतिपूर्वक बनी हुई है, क्षेत्र में महत्वपूर्ण स्थानों पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है और सशसत्र पुलिस प्रभावित क्षेत्र में लगातार गश्त कर रही हैं। आज दोपहर तक मात्र तीन हमलों की घटनाएं हुई हैं।
बम्बई के प्रधान मंत्री श्री बी.जी. खेर आज सांयकाल में अनूसूचित जाति के नेता डॉ. अम्बेडकर के साथ बैठक करके इस विषय पर बातचीत करने वाले हैं कि वरली क्षेत्र में सामान्य स्थिति कैसे बहाल की जाए।
पिछले चार दिनों की घटनाओं से कुछ मिलों का कामकाज प्रभावित हुआ है- क्योंकि बहुत से कामगार पत्थरबाजी की घटनाओं के डर से अपने काम पर नहीं आए हैं। पिछली रात चार मिलों ने अपनी रात्रि-शिफ्ट बंद रखी और अन्य मिलों ने कम स्टाफ के साथ ही कार्य किया। आपात काल की घोषणा
बम्बई सरकार ने वरली और डेल्जली रोड के दंगाग्रस्त श्रम क्षेत्रों में आपात स्थिति लगाने की घोषणा की है, जहां सवर्ण हिन्दुओं के कामगारों और अनुसूचित जाति के कामगारों के बीच संघर्ष हुए हैं।
इससे स्थिति को संभालने के लिए पुलिस को, विशेषकर बदमाश लोगों की घेराबन्दी करने और उन्हें शहर की सीमाओं से बाहर निकालने की व्यापक शक्तियां मिल गई हैं। कल चाकू के घाव से घायल हुए जिस व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, उसकी आज मृत्यु हो गई, जिससे मरने वालों की कुल संख्या 6 हो गई है।