90. बंबई प्रेजीडेन्सी में कानूनी शिक्षा के सुधार पर विचार - Page 415

396 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

मैं अब अपनी योजना के अन्तर्गत कानून में स्नातक के प्रथम भाग एवं द्वितीय भाग के पाठ्यक्रमों के विभाजन के प्रश्न पर चर्चा करूँगा। प्रथम एल.एल.बी. के पाठ्यक्रम में निम्नलिखित विषय सम्मिलित किये जाने चाहियेः-

(1) समाज शास्त्र एवं मनोविज्ञान (2) तर्क एवं वाक्पटुता (3) अंग्रेजी (4) अनुबंधों का कानून (5) कानूनी दर्शनशास्त्र एवं कानूनी सिद्धान्त (6) संवैधानिक कानून (7) भारत सरकार के अधिनियम (8) अपराध का कानून एवं फौज़दारी प्रक्रिया।

वर्तमान में प्रथम व द्वितीय एल.एल.बी. के लिए निर्धारित पाठ्यक्रम में से संवैधानिक कानून, भारत सरकार के अधिनियम, आपराधिक नियम एवं फौज़दारी प्रक्रिया एवं अनुबंधी विषयों को कम कर शेष विषयों कों द्वितीय एल.एल.बी. के पाठ्यक्रम में सम्मिलित कर दिया जाए। मेरी योजना के विषयों को प्रथम एल.एल.बी.में शामिल कर दिया जाये। मैं द्वितीय एल.एल.बी. के पाठ्यक्रम में निम्नलिखित अधिनियमों को सम्मिलित करना चाहूँगा :-

(1) प्रांतीय एवं महाप्रान्तीय लघुवाद न्यायालय अधिनियम, एवं

(2) बम्बई सिविल न्यायालय अधिनियम।

मैं दीवानी एवं फौज़दारी प्रक्रिया के अध्ययन को समाप्त करने के पक्ष में नहीं हूँ, जैसा कि कॉलेज के अध्ययन पाठ्यक्रम के कुछ सत्रों में सुझाया गया है और मेरी योजना के अनुसार विद्यार्थियों के पास अध्ययन हेतु पर्याप्त समय होगा।

अध्ययन के पाठ्यक्रम एवं अवधि से संबंधित प्रश्नों पर अपने विचारों को प्रकट करते हुए मैं प्रथम प्रश्न कि एक विद्यार्थी को अपनी शिक्षा के कौन से स्तर पर कानून के अध्ययन को आरंभ करने की अनुमति दी जाये, के संबंध में अपने विचार प्रकट करता हूँ। मुझे यह कहने में कोई हिचकिचाहट नहीं है कि विद्यार्थी को मैट्रिक की परीक्षा उत्तीर्ण करने के तत्काल बाद कानून की शिक्षा देनी चाहिए। मैं स्वयं निम्नलिखित प्रश्नों के संतोषजनक उत्तर देने में अपनी असमर्थता के द्वारा इस निष्कर्ष पर पहुँचा हूँ :-

  1. कानून के अध्ययन को एक स्नातकोत्तर अध्ययन के रूप में क्यों

माना जाना चाहिये?

  1. क्या एक कला महाविद्यालय में एक छात्र द्वारा अध्ययन पूर्व-स्नातक पाठ्यक्रम, जो उसे एक काबिल वकील बनाने के लिए प्रारम्भिक तैयारी के रूप में आवश्यक है, का अध्ययन किया है एवं इसके अध्ययन किये जाने के संबंध में परीक्षकों को