2 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
पार्टी जिंदाबाद। थोड़े दिनों में भीम राज’’ और पृथक मजूर पक्ष की जयकार के नारे लगाते हुए जुलूस ज्ञान मंदिर तक पहुंचा। थोड़े ही समय में करीब हजार लोगों का समूह वहां जुटा। श्री भाऊराव गायकवाड को ही अपना मत देकर चुनाव जिताना कितना आवश्यक है इस बारे में संक्षेप में बताए जाने के बाद ज्ञान मंदिर की ओर से उन्हें फूलमाला अर्पण की गई। नासिक की राह में विदगाव, देवलाली, नासिक रोड पर स्थित दीनबंधु अम्बेडकर पुस्तकालय की ओर से डॉ. बाबासाहेब को फूलमालाएं अर्पण की गई। नासिक में श्री भाऊराव गायकवाड की ओर से डॉ. साहेब को शानदार ‘टी पार्टी’ दी गईं। धुले के वामनराव पवार और भगिनी मंडल की ओर से श्रीमती गीताबाई गायकवाड ने पुष्पहार अर्पण किया। वहां से सभा स्थल के लिए महार बस्ती में जाते हुए रास्ते में श्रीमती अवकाबाई तेजाले ने फूलमाला अर्पण की। डॉ. बाबासाहेब जब सभा स्थान पर पहुंचे तब ’डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर की जय’’, ’’अम्बेडकर कौन - दलितों का राजा है।’’ ‘‘तरुण पार्टी जिन्दाबाद। थोड़े दिन में भीमराज’’ आदि नारों से वातावरण गूंज उठा। वहां इक्ट्ठा डेढ़-दो हजार लोगों के सामने डॉ. बाबासाहेब ने डॉ. भाऊराव गायकवाड की उम्मीदवारी के समर्थन में भाषण दिया। वहां दाणी की ओर से उन्हें फूलमाला अर्पण की गई। पवलाशी नेटावटे ने फूलमाला अर्पण की। तथा सभी महार बंधुओं की ओर से श्री सखाराम काले ने पुष्पहार अर्पण किया। नासिक में श्री शिवराम पालाजी मोरे की दुकान पर डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर की मेघवात परिवार द्वारा तस्वीरखींची गई। वहां से वरखेडा आते समय रास्ते में मसरूत, ढकांबे, तलेगांव गांवों में उन्हें फूलमालाएं पहनाई गईं। दिंडोरी में गांव में जुलूस निकाला गया। जुलूस में आगे सुस्वर बाद्य बज रहे थे। डॉ. बाबासाहेब की जयकार से दिंडोरी गांव गूंज उठा। महार बस्ती में एक सुन्दर मंडप में बनाए गए मंच पर डॉ. बाबासाहेब आए तब वहां की सैंकड़ों महिलाओं ने उनकी आरती उतारी और भक्ति भाव और भगिनी प्रेम से कहा, ’’सारे संकट हट जाएं। भीमराज जल्दी आए।’’ इस अवसर पर भाषण देते हुए डॉ. बाबासाहेब ने कहा, ’’भाऊसाहब गायकवाड अपनी तहसील से हैं केवल इसलिए उन्हें अपना मत देने के बजाय वे सचमुच लायक और काबिल उम्मीदवार हैं इसलिए आप उन्हें अपने चारों मत दें। यह बहुत जरूरी है।’’ इसके बाद डॉ. बाबासाहेब को फूलमाला पहनाई गई। आगे चले तब आवनखेड में भी फूलमालाएं अर्पण की गईं। आंबेवर्णी में श्री किसनराव शिवराम गांगुर्डे ने चायपार्टी दी। इस अवसर पर आंबेवण के महार मंडल और भगिनी मंडल की ओर से फूलमालाएं अर्पण की गईं। वहां से बाजे-गाजे के और नारों की गूंज के साथ जुलूस वरखेडा में आया। श्री शिवराम दादाजी गांगुर्डे के घर डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर और उनके साथ आए लोगों को मेजवानी दी गई। इस सभा में डॉ. अम्बेडकर करीब पौने घंटे तक बोले। यहां सभा में आए सभी लोगों को वरखेड के लोगों ने सुस्वादु भोजन खिलाया। आगे चले तो जऊलके गांव में फूलमालाएं अर्पण की गई। आगे पिंपलगांव बसवंत में कोतवाली के सामने मैदान में डॉ. बाबासाहेब ने श्री भाऊराव गायकवाड की