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महात्मा गांधी ने मौन में कोई रहस्य छिपा है। गांधी हिन्दुस्तान को साम्राज्यशाही का गुलाम बनाने वाला है!
तीसरा मसला ये है कि हम जो स्वराज चाहते हैं वह अपनी आजादी के लिए चाहते हैं! सुख के लिए चाहते हैं! हमें अपने ही देश मं पेट भर भाजन नहीं मिलता। घर नहीं, सुख संपत्ति नहीं! जिस राज्य में हमें स्वतंतत्रता, इंसानियत आदि समान अधिकार हमें मिलेंगे वही स्वराज है!
काँग्रेस ने हमारे लिए क्या किया? चुनाव से पहले शिक्षा देंगे, लगान कम करेंगे जैसे आश्वासन दिए थे। उसका अब क्या? मुंबई इलाके में काँग्रेस का एसेंब्ली में बहुमत है। फिर ऐसे कैसे कहा जा सकता है कि हमारे हाथ में सत्ता नहीं है? लेकिन काँग्रेस आपके लिए कुछ करना नहीं चाहती! कहां है काँग्रेस की स्वतंत्रता? आपके महाड में हाल ही में मुख्य मंत्री श्री बाबासाहेब खेर आकर गए। लेकिन क्या उन्होंने आपस कुछ कहा? नहीं। कैसे कहेंगे? उन्हें गांधी और वल्लभभाई से डर लगता है। अभी हम पर गुजरातियों का राज है। तीन गुजराती मंत्री आटा पीसते हैं और अन्य आटा गूंथ कर रोटियां सेक कर गुजरात देते हैं! ये सारे दीवाण वल्लभभाई के दरवाजे के कुत्ते हैं।
गुजरात में वल्लभभाई न समाननीय खेर को एक समारोह में बुला कर उनका भयंकर अपमान किया। ‘‘हमने आपको इसलिए नहीं बताया कि आप मुख्यमंत्री हैं, इसलिए बुलाया क्योंकि आप गांधी के भक्त हैं। वरना खदेड़ देते!’’ ऐसा कह कर वल्लभभाई ने एक महाराष्ट्रीय का घोर अपमान किया है! हमारे नामदार खेर के इस अपमान का बदला कौन लेगा? बदला लूंगा। मेरे बारे में वह वल्लभभाई ऐसा कह कर तो देखें, जूते से पीटूंगा मैं उन्हें! मैं उनकी सभा में जाता हूं, हिम्मत हो तो वह मेरी सभा में आएं।
एकाध-दो महीनों में जमींदारी बिल पर चर्चा होगी, लेकिन यह बिल पास नहीं होगा। काँग्रेस का राज उखाड़ फेंके बगैर यह नहीं होगा। जमींदार गैर-कानूनी ढंग से रैयत को लूटते हैं। आपको उनका विरोध करना होगा। स्वतंत्र लेबर पार्टी कबुलायत फॉर्म बनाने वाली है। वह बनेगा तो आपको उसके हिसाब से बर्ताव करना होगा। अन्याय का प्रतिकार करना होगा। सभी अधिकारी वर्ग जमींदारों की ही जाति का है। इसलिए, जब उनसे पक्षपात बरता जाता है तब विरोध जताते हुए आप कारागार का डर मन में ना पालें। वहां घर से भी बुरा कुछ नहीं। हम आपके साथ कारागार आएंगे लेकिन याद रहे कि आपका कारावास यानी गांधी जैसा कारावास नहीं। उनका कारावास ही कैसे कहें? वहां उन्हें हर रोज उन्हें प्रिय बकरी का दूध, फल, अंजीर, मुंसबी आदि तैयार होता है। आपका कारावास इससे अलग होगा।
डिस्ट्रिक्ट लोकल बोर्ड के चुनाव लड़ाइए। सत्ता के सभी पद हासिल कीजिए।