101 30.5.1937 चुनाव जीतने भर से आंदोलन का काम पूरा हुआ ऐसा ना समझें - परेता - Page 43

22 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर, उनके द्वाराखड़े किए गए अस्पृश्य उम्मीदवार और अन्य गैर-कांग्रेसी स्पृश्य उम्मीदवार चुनाव में जीते नहीं इसलिए कांग्रेस आदि पक्षों द्वारा पैसों के बल पर जितना विरोधी वातावरण निर्माण क्या जा सकता था, किया गया है। डॉ. बाबासाहेब के बारे में गलत-सलतखबरें छाप कर उनके उज्ज्वल चरित्र पर कलंक लगाने की भरपूर कोशिश की गई। लेकिन ऐसे सभी विपरीत हालात का सामना कर डॉ. साहब चुनाव जीत गए यह बात सचमुच अपवूर्ण है।’’ ख्1,

‘‘स्वतंत्र लेबर पार्टी की ओर से विधान मंडल चुनावों में सफल हुए प्रतिनिधियों का अभिनंदन करने के लिए पार्टी की ओर से रविवार दिनांक 30 मई, 1937 की शाम को परेता के कामगार मैदान में डॉ. पी. जी. सोलंकी, जे.पी. की अध्यक्षता में सभा हुई थी।

विधान मंडल के प्रतिनिधि और आमंत्रित सम्माननीय मेहमानों के लिए मंच पर गद्देदार कुर्सियां और मखमल के काउच रखे गए थे। मैदान में लाउडस्पीकर लगाए गए थे। जगह-जगह किटसन् लाईट लगाए गए थे। सभा में करीब 15 हजार लोग इकट्ठा हुए थे और उनमें करीब 1000-1200 महिलाएं थीं।

सभा में व्यवस्था कायम रखने के लिए समता सैनिक दल के कई जथे बुलाए गए थे। उन्होंने सभा में बेहतरीन अनुशासन कायम किया था। उच्चासनों पर पार्टी के सफल प्रतिनिधियों में से श्री अ. वि. चित्रे, एस. वी. परलेकर, आर. जी. भाटनकर, भाऊराव गायकवाड, डी. जी. जाधव, जी. आर. घांगुर्डे, पी. जे. रोहम, बी. एच. वराते और जेएस ऐदाले उपस्थित थे। साथ हीखालसा कॉलेज के प्रिंसिपल काशमीरसिंह, प्रो. रॉय, श्री समर्थ बार एट लॉ, श्रीखांबे, श्री डी. वी. प्रधान, कमलाकांत चित्रे, कद्रेकर, प्रिंसिपल दोंदे, श्री कोणी जे.पी., बापूसाहब सहÐबुद्धे, मुसाढकर बुवा, मधाले, आर. आर. पवार, धो. ना. पगारे, कालोखे, सूबेदार देवरुखकर आदि लोग थे। ठीक सात बजे मनोनीत अध्यक्ष डॉ. सोलंकी, डॉ. अम्बेडकर तथा अन्य प्रतिनिधि सभामंडप में आए। समता सैनिक दल के स्वयंसेवकों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर उनका सम्मान किया। सभी लोगों के अपनी जगह बैठने के बाद सभा का कामकाज शुरू हुआ। श्री चां. ना. मोहिते ने अध्यक्ष को सूचना दी। उसके बाद डॉ. सोलांकी अध्यक्ष स्थान पर विराजन हुए। उसके बाद अध्यक्ष की अनुमति से सवादकर ने सभा के आगे निम्नांकित प्रस्ताव रखे- स्वतंत्र लेबरः पार्टी की ओर से मुम्बई लेजिस्लेटिव एसेंबली के चुनाव जीतने वाले प्रतिनिधियों के अभिनंदन का प्रस्ताव रखते हुए मुझे बड़ीखुशी हो रही है। स्वतंत्र लेबर पार्टी की ओर से आयोजित यह सार्वजनिक सभा चुनाव जीतने वाले सभी उम्मीदवारों का अंतःकरण से अभिनंदन करती है। इस प्रस्ताव पर बोलते हुए सुभेया सवारकर ने कहा, ‘‘स्वतंत्र लेबर पार्टी की ओर से चुन कर आए प्रतिनिधियों को बधाई देने का प्रस्ताव रखते हुए

  1. जनताः 27 फरवरी, 1937