263 11-1-1950 हिंदू कानून को सिलसिलेवार बनाना होगा। - मुंबई - Page 171

152 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

263

हिंदू कानून को सिलसिलेवार बनाना होगा

डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर मुंबई में थे। इस अवसर का लाभ उठाते हुए सिद्धार्थ कॉलेज के छात्र-पार्लियामेंट द्वारा उन्हें ‘‘हिंदू कोड बिल’’ पर भाषण देने के लिए आमंत्रित किया। सिद्धार्थ कॉलेज बाबासाहेब अम्बेडकर की संतान जैसा ही होने के कारण उन्होंने छात्रों का अनुरोध माना और आश्वासन दिया कि वह हिंदू कोड बिल विषय पर भाषण देंगे। बुधवार, 11 जनवरी, 1950 के दिन सुबह 9 बजे सुंदराबाई हॉल में बुलाए गए छात्र पार्लियामेंट के अधिवेशन में वह बोले।

बुधवार के दिन सुबह 8 बजे ही सुंदराबाई हॉल छात्रों से भर गया था। इनमें छात्राओं की संख्या कुछ अधिक थी। श्रोताओं में समाज के कुछ गण-मान्य लोग भी उपस्थित थे। लाऊड स्पीकर की विशेष व्यवस्था की गई थी।

डॉक्टरसाहब बोलने के लिए उठे। तालियों की गड़गड़ाहट के साथ छात्रों ने उनका स्वागत किया। उस वक्त डॉक्टरसाहब बहुत ही उत्साह में थे। इतना ही नहीं उनके चेहरे पर उस वक्त विनोद की लहरें भी दिखाई दे रही थीं। उन्होंने अंग्रेजी भाषा में, स्पष्ट उच्चारण और आवेश के साथ, सुस्पष्ट विचार छात्रों के सामने रखे। उनके भाषण के बीच-बीच में हास्य का सुगंध भी फैल रही थी। श्रोताओं का मानना था कि इतना अच्छा भाषण उन्होंने पार्लियामेंट में भी शायद कभी नहीं दिया होगा।

डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर ने अपने भाषण में कहा-

चेयरमन और सभागृह के सदस्यों,

आज यहां भाषण देने के आमंत्रण के लिए मैं आपका आभारी हूं। आपकी पार्लियामेंट में आकर हिंदू कोड बिल पर मैं बोलूं यह आपकी इच्छा है। लेकिन ऐसा करते वक्त पार्लियामेंट की मुश्किल खड़ी होगी यह मैं जानता था। मैं आपकी पार्लियामेंट का सदस्य नहीं हूं। जो व्यक्ति इस पार्लियामेंट का सदस्य नहीं है वह इस पार्लियामेंट के अधिवेशन में कैसे बोल सकता है इस प्रकार की आपत्ति कोई भी उपस्थित कर सकता है। इस बात को ध्यान में रखते हुए इस मुश्किल से बाहर निकलने का उपाय मैंने ढूंढा है। आपकी पार्लियामेंट द्वारा एक प्रस्ताव मंजूर किया जाए और उस प्रस्ताव के जरिए मुझे बोलने की अनुमति दी जाए। इसके अनुसार चेयरमैन द्वारा प्रस्ताव मंजूर करवाने की बात मानी इस बात की मुझे खुशी है। इसीलिए मैं आपकी पार्लियामेंट में बोल रहा हूं।

आप जानते हैं कि, पार्लियामेंट में मेरे द्वारा प्रस्तुत किए गए हिंदू कोड बिल को

जनता 14 जनवरी, 1950