350 25-11-1956 बौद्ध धर्म हिंदु धर्म की शाखा है यह कहना एक शरारत और छल-कपट है - काशी - Page 517

498 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय

अगर उसने बुद्ध की सीख स्वीकार नहीं की तो उसका भविष्य उज्जवल नहीं होगा।

भाषण के बाद छात्र और अध्यापक वर्ग द्वारा पूछे गए सभी सवालों के डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर ने जवाब दिए। वे सवाल-जवाब एक अलग रिपोर्ट का विषय बन सकते हैं। विषय ऐतिहासिक होने के बावजूद भाषण के नए नजरिए के कारण प्रतिगामी माने गए काशी विश्वविद्यालय के छात्र और आचार्य-गणों को जगाने वाला था। ख्2,

  1. प्रबुद्ध भारतः 24 अगस्त, 1957