230 बाबासाहेब डॉ. अम्बेडकर संपूर्ण वाघ्मय
विधान-मंडलों के सदस्यों द्वारा एकल संक्रमणीय मत के माध्यम से किया जाएगा’।
राजकुमारी अमृत कौरः हां। लेकिन मेरा मुद्दा है, क्या मैं यह जान सकती हूं कि क्या कुमारी पिकफोर्ड के प्रश्न के उत्तर में भारत मंत्री का संकेत प्रांतीय परिषद के लिए सांप्रदायिक आधार पर आरक्षित स्थानों की ओर था। क्या मैं यह समझूं कि यह सांप्रदायिकता का प्रश्न निचले सदन में स्त्रियों के आरक्षित स्थानों पर लागू नहीं होगा? क्या वे स्थान गैर-सांप्रदायिक आधार पर आरक्षित किए जाएंगे। मैं यह स्पष्ट रूप से जानना चाहती हूं कि किस आधार पर ये स्थान आरक्षित करने होंगे।
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ग 363. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः मुझे इसे और स्पष्ट करने दें, क्योंकि मेरे विचार में, इस बारे में कुछ दुविधा है, और मुझे उसे दूर कर देना चाहिए। सबसे पहले, क्या आपको अप्रत्यक्ष निर्वाचन पर आपत्ति है?
राजकुमारी अमृत कौरः हां।
ग 364. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः आपको भी आपत्ति है?
राजकुमारी अमृत कौरः हां।
ग 365. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः यह एक आपत्ति है?
राजकुमारी अमृत कौरः हां।
ग 366. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः आप नहीं चाहतीं कि जो महिला प्रतिनिधि संघीय निचले सदन में महिलाओं का प्रतिनिधित्व करें, वे प्रांतीय विधान परिषद से अप्रत्यक्ष निर्वाचन द्वारा निर्वाचित की जाएं?
राजकुमारी अमृत कौरः निश्चित रूप से नहीं।
ग 367. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः आप चाहती हैं कि कुछ प्रत्यक्ष निर्वाचन-क्षेत्र जैसा उपबंध किया जाए?
राजकुमारी अमृत कौरः यदि हमारे लिए स्थान सांप्रदायिक आधार पर आरक्षित किए गए, तो हम इसके खिलाफ हैं। जहां तक हमारा संबंध है, यह प्रश्न पैदा ही नहीं होता, लेकिन हम बेशक चाहेंगी कि स्त्रियां भी चुनकर आएं।
ग 368. डॉ. भीमराव अम्बेडकरः सबसे पहले स्थिति को स्पष्ट करने के लिए मुझे एक प्रश्न पूछने दें। क्या आप चाहती हैं कि निचले सदन में स्त्रियों के लिए भी स्थान आरक्षित किए जाएं?
राजकुमारी अमृत कौरः मैं कह चुकी हूं कि हम आरक्षण किए जाने की सिफारिश करेंगी, जब तक कि हमारे संगठनों के जरिए वयस्क मताधिकार प्राप्त नहीं हो जाता है, बशर्ते यह निश्चित रूप से उल्लिखित कर दिया जाए कि महिलाओं के स्थान गैर-सांप्रदायिक आधार पर होंगे और संयुक्त निर्वाचक-मंडलों के माध्यम से होंगे। इसी