गर्त में डूबा पुरोहितवाद
17
- बलि चढ़ाना,
11-14. वमनकारी और रेचक दवाएं देना,
- लोगों को सिर दर्द से राहत दिलाने के लिए संस्कारित करना (अर्थात छींकने
के लिए दवाई देना),
- लोगों के कान में तेल डालना (या तो कान बड़े करने के लिए अथवा कान
के अंदर के घाव को ठीक करने के लिए),
- लोगों की आंखें ठीक करना (उनमें दवायुक्त तेल डालकर ठंडक
पहुंचाना),
नाक के जरिए दवाएं डालना,
आंखों में सुरमा लगाना,
आंखों के लिए मरहम देना,
नेत्र-चिकित्सक के रूप में कार्य करना,
शल्य-चिकित्सक के रूप में कार्य करना,
बाल-चिकित्सक के रूप में कार्य करना,
जड़ी-बूटियां देना, और
बारी-बारी से दवाइयां देना।
(अपूर्ण)