दसवीं पहेली
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पहला अवतारों की कथा। अवतारों के विषय में ब्रह्मा और विष्णु के मध्य प्रतिद्व ंद्विता है। मानवता को आपदाओं से त्राण दिलाले हेतु अवतार सिद्धांत ब्रह्मा के अवतार से आरम्भ होता है। कहा जाता है कि उन्होंने दो अवतार लिए (1) वाराह और (2) मत्स्य। परंतु विष्णु-भक्त यह मानने को तैयार नहीं। उनका कथन है कि ये अवतार ब्रह्मा ने नहीं लिये अपितु विष्णु ने लिए थे। उन्हें इन्हीं अवतारों से संतोष नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि विष्णु ने और भी अवतार लिए थे।
पुराणों में विष्णु के अवतार बताने की होड़ सी लग गई। विभिन्न पुराणों में अवतारों की भिन्न-भिन्न सूचियाँ दी गई हैं जो निम्नांकित हैंः
विष्णु के अवतार
क्र.सं. हरिवंश के नारायणी वाराह वायु पुराण भागवत् पुराण
अनुसार आख्यान के पुराण के के के अनुसार
अनुसार अनुसार अनुसार
वाराह हंस कूर्म नरसिंह सनत्कुमार
नरसिंह कूर्म मत्स्य वामन वाराह
वामन मत्स्य वाराह वाराह
परशुराम वाराह नरसिंह कूर्म नरनारायण
राम नरसिंह वामन संग्राम कपिल
कृष्ण वामन परशुराम आदिवक दत्तात्रेय
परशुराम राम त्रिपुरारी यज्ञ
राम कृष्ण अंधकार ऋषभ
कृष्ण बुद्ध ध्व्ज पृथि
कल्कि कल्कि वर्त मत्स्य
हलाहल कूर्म
कोलाहल धन्वंतरी
मोहिनी
नरसिंह
वामन
परशुराम